पहाड़ की राह में नया मोड़? भीमताल–अल्मोड़ा वैकल्पिक सड़क पर सरकार की समीक्षा, जाम और दुर्घटनाओं से राहत की उम्मीद
Loklens News | उत्तराखंड डेस्क
उत्तराखंड में पर्यटन और स्थानीय आवागमन के दबाव को देखते हुए भीमताल–अल्मोड़ा के बीच वैकल्पिक सड़क मार्ग को लेकर सरकार ने समीक्षा प्रक्रिया तेज कर दी है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मौजूदा मार्गों पर बढ़ते ट्रैफिक, बार-बार लगने वाले जाम और दुर्घटनाओं की घटनाओं को ध्यान में रखते हुए वैकल्पिक कनेक्टिविटी पर तकनीकी आकलन किया जा रहा है।
सूत्र बताते हैं कि प्रस्तावित वैकल्पिक मार्ग से कैंची धाम, नैनीताल और अल्मोड़ा की ओर जाने वाले वाहनों का भार संतुलित किया जा सकेगा। इससे न केवल यात्रा समय घटेगा, बल्कि आपातकालीन सेवाओं और स्थानीय लोगों को भी राहत मिलने की संभावना है। प्रारंभिक स्तर पर भू-आकृतिक सर्वे, पर्यावरणीय प्रभाव और भूमि उपलब्धता जैसे बिंदुओं पर रिपोर्ट तैयार की जा रही है।
लोक निर्माण और संबंधित विभागों के अधिकारियों के अनुसार, यदि तकनीकी मानकों पर योजना उपयुक्त पाई जाती है तो चरणबद्ध तरीके से डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) तैयार की जाएगी। साथ ही, मानसून के दौरान भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों से बचाव को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि सड़क दीर्घकालिक रूप से सुरक्षित रहे।
पर्यटन सीजन में बढ़ती भीड़ के कारण मौजूदा मार्गों पर दबाव लंबे समय से चिंता का विषय रहा है। ऐसे में वैकल्पिक सड़क परियोजना से पर्यटन, स्थानीय अर्थव्यवस्था और सड़क सुरक्षा—तीनों क्षेत्रों में सकारात्मक प्रभाव की उम्मीद जताई जा रही है। सरकार की ओर से फिलहाल किसी समय-सीमा की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन समीक्षा को प्राथमिकता में रखा गया है।
